Railway to take action against this female worker, know why?

| June 22, 2019 | Reply

पूर्वोत्तर रेलवे वाणिज्य विभाग में तैनात महिला रेलकर्मी ने कुछ दिनों पहले मंडल वाणिज्य प्रबधंक पर उत्पीड़न का आरोप लगाया था। इसी क्रम में सोमवार को महिला रेल कर्मी के पक्ष में कई महिला संगठनों ने यूपी प्रेस क्लब में प्रेसवार्ता की और महिला कर्मचारी शिवानी कुकरेती के खिलाफ दाखिल आरोप पत्र को वापस लेने और ट्रांसफर निरस्त करने की मांग की। वहीं, डीआरएम विजय लक्ष्मी कौशिक ने प्रेस वार्ता कर महिला कर्मी पर रेलवे की छवि धूमिल करने का आरोप लगाया। डीआरएम ने कहा कि शिवानी कुकरेती महिला संगठनों की आड़ में रेलवे पर दबाव बना रही है। उनके खिलाफ पहले की भी अधिकारियों से दुर्वव्यवहार की बात सामने आ चुकी है। .








वाणिज्य विभाग में कार्यालय अधीक्षक पद पर तैनात शिवानी कुकरेती ने डीसीएम पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए महिला आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी। रेलवे की जांच में अभद्रता की पुष्टि नहीं हुई थी। इसके बाद शिवानी कुकरेती का ट्रांसफर दिया गया था। वहीं, सोमवार को प्रेस क्लब में महिला संगठनों की प्रेसवार्ता में भारतीय महिला फेडरेशन की आशा मिश्रा ने बताया कि शिवानी कुकरेती महिला कर्मचारी कल्याण संगठन की महामंत्री है।








जब उनके साथ ऐसा हो सकता है तो अन्य महिलाकर्मियों की स्थितियों को समझा जा सकता है। शिवानी कुकरेती का कहना है कि डीसीएम ने उनका एक्सीडेंट कराने का प्रयास किया। इतना ही नहीं अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए वाणिज्य विभाग से ट्रांसफर कर पीआरओ दफ्तर में तैनात कर दिया गया। शिवानी का कहना है कि वह इससे पहले मंडल कार्यालय में महिला शौचालय की समस्या को लेकर आवाज उठा चुकी है। एडवा की सीमा राना ने कहा कि महिला हिंसा रोकने के लिए बनाए गए कानून का कड़ाई से पालन हो।




साथ ही शिवानी के खिलाफ दाखिल आरोप पत्र व ट्रांसफर वापस लिया जाए। इस मौके पर हमसफर संस्था की ममता सिंह, नीरजा अग्रवाल व भारतीय महिला फेडरेशन की कांति मिश्र मौजूद थी। .

वहीं, डीसीएम के पक्ष में ऑल इंडिया एससी एसटी रेलवे एम्पलाइज यूनियन उतर आई है। मंडल मंत्री राम प्रकाश ने कहा कि डीसीएम पर पडयंत्र के तहत दबाव बनाया जा रहा है। डीसीएम ईमानदार व काम में लापरवाही पसंद नहीं करते हैं। इसलिए कर्मचारी उन पर दबाव बना रहे हैं। .

डीसीएम के पक्ष में यूनियन

महिला कर्मचारी शिवानी कुकरेती की प्रेसवार्ता की जानकारी मिलने के बाद रेलवे की डीआरएम विजय लक्ष्मी कौशिक ने प्रेसवार्ता बुलाकर अपना पक्ष रखा। डीआरएम विजय लक्ष्मी कौशिक ने कहा कि महिला रेलकर्मचारी की प्रेसवार्ता नियमों के खिलाफ है। रेलवे उन पर अनुशासात्मक कार्रवाई करेगा। शिवानी कुकरेती ने जो डीसीएम पर आरोप लगाए थे। उसकी जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया था। रिपोर्ट में उनके आरोप बेबुनियाद पाए गए। इसलिए उनका ट्रांसफर पीआरओ कार्यालय में कर दिया गया। इस पर महिला कर्मचारी पर अनुशासनहीनता की कार्रवाई होगी। .

हजरतगंज में पत्रकारवार्ता के दौरान उत्पीड़न का आरोप लगाती महिला रेलकर्मी।

Category: News Paper

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